पेंड्रा। गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिले के ग्राम पंचायत लालपुर में महतारी सदन भवन के निर्माण को लेकर विवाद सामने आया है। भवन निर्माण के लिए चल रहे ले-आउट कार्य के दौरान कथित रूप से शासकीय कार्य में बाधा डालने, गाली-गलौज और धमकी देने के आरोप में युवा कांग्रेस की राष्ट्रीय सह सचिव प्रीति मांझी समेत उनके माता-पिता के खिलाफ गौरेला थाने में FIR दर्ज की गई है। पुलिस ने पंचायत सचिव अंजनी कुमार यादव और सरपंच इंदरनिया बाई की लिखित शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक लालपुर ग्राम पंचायत में छत्तीसगढ़ सरकार की महतारी सदन योजना के तहत शासकीय भूमि पर करीब 30 लाख रुपये की लागत से भवन निर्माण स्वीकृत हुआ है। निर्माण के लिए खसरा नंबर 6/1 और 8/1 की भूमि निर्धारित की गई है। शिकायत के अनुसार निर्माण स्थल पर सफाई कार्य के दौरान भी कथित रूप से काम रुकवाने का प्रयास किया गया था।
इसके बाद 19 सितंबर को इंजीनियर की मौजूदगी में भवन निर्माण के लिए ले-आउट का काम कराया जा रहा था। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि इसी दौरान कलीराम मांझी, उनकी बेटी प्रीति मांझी और उनकी पत्नी मौके पर पहुंचे और निर्माण कार्य को लेकर विवाद करने लगे। आरोप है कि इस दौरान पंचायत प्रतिनिधियों और शासकीय कर्मचारियों के साथ गाली-गलौज की गई तथा जान से मारने की धमकी भी दी गई। शिकायत के मुताबिक कथित विवाद के चलते ले-आउट और निर्माण से जुड़ा काम प्रभावित हुआ।
राजस्व रिकॉर्ड में जमीन शासकीय होने का दावा
शिकायत में राजस्व विभाग के दस्तावेजों का हवाला देते हुए कहा गया है कि खसरा नंबर 6/1 की भूमि शासकीय स्वामित्व की है। राजस्व निरीक्षक और पटवारी की जांच रिपोर्ट में भी संबंधित भूमि पर आरोपियों के वैध अधिकार या कब्जे की पुष्टि नहीं होने की बात सामने आई है।
मामले को लेकर पंचायत प्रतिनिधियों की शिकायत के बाद गौरेला पुलिस ने FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 221, 296 और 351(3) के तहत मामला दर्ज किया है।
पुलिस का कहना है कि FIR में लगाए गए आरोपों की जांच की जा रही है। घटना के संबंध में सामने आए तथ्यों, दस्तावेजों और संबंधित पक्षों के बयानों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मामले में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
