रायपुर। भारतीय बैडमिंटन स्टार पीवी सिंधु की जापान ओपन बैडमिंटन चैंपियनशिप में ऐतिहासिक खिताबी जीत पर क्षत्रिय करणी सेना ने हर्ष व्यक्त किया है। संगठन के छत्तीसगढ़ प्रदेश अध्यक्ष वीरेन्द्र सिंह तोमर ने सिंधु को बधाई देते हुए कहा कि उन्होंने शानदार प्रदर्शन से अपने आलोचकों को करारा जवाब दिया है और एक बार फिर अपनी प्रतिभा, संघर्ष और आत्मविश्वास का परिचय दिया है।
अपने बधाई संदेश में वीरेन्द्र सिंह तोमर ने कहा कि जिस खिलाड़ी को कुछ लोग समय से पहले “चूका हुआ” बताने लगे थे, उसी खिलाड़ी ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर शानदार वापसी करते हुए इतिहास रच दिया। उन्होंने कहा कि पीवी सिंधु की यह उपलब्धि देश की युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत है और यह साबित करती है कि कठिन परिश्रम, धैर्य और सकारात्मक सोच से हर चुनौती पर विजय प्राप्त की जा सकती है।
जापान ओपन बैडमिंटन प्रतियोगिता में पीवी सिंधु ने पहली बार खिताब अपने नाम किया और ऐसा करने वाली पहली भारतीय महिला शटलर बनीं। फाइनल मुकाबले में उन्होंने जापान की तीन बार की विश्व चैंपियन अकाने यामागुची को लगातार दो सेटों में 21-17, 21-17 से हराकर शानदार जीत दर्ज की। इससे पहले सेमीफाइनल में उन्होंने चेन युफेई को पराजित कर फाइनल में जगह बनाई थी।
करीब ढाई वर्ष बाद सिंधु ने किसी बड़े अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट का खिताब अपने नाम किया है। इससे पहले उन्होंने वर्ष 2024 में सैयद मोदी इंटरनेशनल में बीडब्ल्यूएफ टूर का खिताब जीता था, जबकि भारत के बाहर उनका पिछला बड़ा खिताब वर्ष 2022 के सिंगापुर ओपन में आया था। लंबे समय से खिताब नहीं जीत पाने के कारण उनकी आलोचना हो रही थी, लेकिन इस जीत ने एक बार फिर साबित कर दिया कि वे विश्व बैडमिंटन की सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों में शामिल हैं।
करणी सेना ने कहा कि पीवी सिंधु की यह ऐतिहासिक सफलता पूरे देश के लिए गर्व का विषय है। संगठन ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए विश्वास व्यक्त किया कि वह आने वाले अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंटों में भी भारत का तिरंगा इसी तरह ऊंचा करती रहेंगी।
