Monday, August 24, 2026

Chhattisgarh Teacher Protest: TET अनिवार्यता को लेकर शिक्षकों का बड़ा आंदोलन, 27 अगस्त से बगिया-दुर्ग में अनिश्चितकालीन धरना

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रायपुर, 24 अगस्त 2026। छत्तीसगढ़ में शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) की अनिवार्यता को लेकर शिक्षकों का विरोध लगातार तेज होता जा रहा है। शिक्षक साझा मंच ने वरिष्ठता, पदोन्नति और सेवा सुरक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर 27 अगस्त 2026 से अनिश्चितकालीन आंदोलन का ऐलान किया है। मंच के अनुसार शिक्षक मुख्यमंत्री निवास बगिया और शिक्षा मंत्री के निवास दुर्ग में धरना-प्रदर्शन करेंगे।

TET को लेकर क्यों नाराज हैं शिक्षक?

शिक्षक संगठनों का कहना है कि यह आंदोलन केवल TET परीक्षा की अनिवार्यता के खिलाफ नहीं है, बल्कि वर्षों से सेवा दे रहे शिक्षकों की वरिष्ठता, पदोन्नति और सेवा सुरक्षा से जुड़े अधिकारों की रक्षा की मांग भी है।

शिक्षक नेताओं का आरोप है कि TET की अनिवार्यता के कारण वरिष्ठ शिक्षकों की पदोन्नति प्रभावित होने की स्थिति बन रही है। उनका कहना है कि लंबे समय से सरकारी स्कूलों में सेवाएं दे रहे शिक्षकों को कनिष्ठों के पीछे धकेलना स्वीकार नहीं किया जाएगा। हाल के दिनों में प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में शिक्षक TET और पदोन्नति के मुद्दे पर प्रदर्शन कर चुके हैं।

मनीष मिश्रा बोले- अधिकारों से समझौता नहीं

शिक्षक साझा मंच के प्रदेश संयोजक मनीष मिश्रा ने सरकार के रुख पर नाराजगी जताते हुए कहा कि नियमों की आड़ में शिक्षकों के अधिकारों को प्रभावित करने की कोशिश स्वीकार नहीं की जाएगी।

उनका कहना है कि शिक्षक वर्षों से अपनी सेवाएं दे रहे हैं। ऐसे में यदि TET के नाम पर उनकी वरिष्ठता या पदोन्नति प्रभावित होती है, तो यह सिर्फ परीक्षा का विषय नहीं बल्कि हजारों शिक्षकों के भविष्य से जुड़ा सवाल है। मनीष मिश्रा ने शिक्षकों से आंदोलन में बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील भी की है।

पर्याप्त अवसर देने की मांग

शिक्षक साझा मंच की प्रमुख मांगों में सेवारत शिक्षकों को TET उत्तीर्ण करने के लिए पर्याप्त अवसर देना भी शामिल है। मंच का कहना है कि परीक्षा आयोजन और अवसरों से जुड़ी स्थिति स्पष्ट किए बिना पदोन्नति प्रक्रिया में TET को लेकर जल्दबाजी नहीं होनी चाहिए।

शिक्षक संगठनों ने सरकार से TET, सेवा सुरक्षा और पदोन्नति से जुड़े नियमों को स्पष्ट करने तथा शिक्षकों के हित में ठोस निर्णय लेने की मांग की है।

27 अगस्त से अनिश्चितकालीन आंदोलन का ऐलान

शिक्षक साझा मंच के अनुसार 27 अगस्त से मुख्यमंत्री निवास बगिया और शिक्षा मंत्री निवास दुर्ग के सामने अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। मंच ने प्रदेशभर के शिक्षक संगठनों और शिक्षकों से आंदोलन में शामिल होने की अपील की है।

इससे पहले 22 अगस्त को शिक्षक साझा मंच के आह्वान पर प्रदेश के 146 विकासखंडों में धरना, रैली और ज्ञापन कार्यक्रम आयोजित किए गए थे। अब शिक्षक आंदोलन के अगले चरण के लिए तैयार हैं।

क्षाबंधन धरना स्थल पर मनाने की तैयारी

आंदोलन को लेकर शिक्षक बहनों ने भी अलग पहल की है। उनके द्वारा रक्षाबंधन का पर्व धरना स्थल पर मनाने की तैयारी की जा रही है। शिक्षक बहनें मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को रक्षा सूत्र बांधकर सेवा सुरक्षा, सम्मान, वरिष्ठता और भविष्य से जुड़ी मांगें रखने की बात कह रही हैं।

सरकार के फैसले पर टिकी नजर

शिक्षक साझा मंच ने कहा है कि TET से जुड़ी विसंगतियों को दूर करने, वरिष्ठता और पदोन्नति के अधिकारों की रक्षा करने तथा पर्याप्त परीक्षा अवसर सुनिश्चित किए जाने तक संघर्ष जारी रहेगा।

अब 27 अगस्त से प्रस्तावित आंदोलन को लेकर सरकार के रुख पर सभी की नजर है। यदि सरकार और शिक्षक संगठनों के बीच समय रहते सहमति नहीं बनती है, तो आंदोलन के और व्यापक होने की संभावना जताई जा रही है।

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