नई दिल्ली:
पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफे के बाद पहली बार सार्वजनिक रूप से बयान दिया है। संसद भवन परिसर में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जयराम रमेश से हुई एक अनौपचारिक मुलाकात के दौरान धर्मेंद्र प्रधान ने खुद को “स्ट्रीट फाइटर” बताते हुए कहा कि वे एसी कमरों में बैठकर राजनीति करने वाले नहीं, बल्कि मैदान में उतरकर संघर्ष करने वाले कार्यकर्ता हैं।
जयराम रमेश से मुलाकात और पुराने दिनों की यादें
संसद परिसर में दोनों नेताओं के बीच हुई इस संक्षिप्त मुलाकात के दौरान पुराने राजनीतिक दिनों और संघर्षों को लेकर हल्की-फुल्की बातचीत हुई। इसी दौरान धर्मेंद्र प्रधान ने अतीत की एक घटना का जिक्र करते हुए कहा कि राजनीति में वैचारिक मतभेद होना स्वाभाविक है और वे हमेशा रहे हैं, लेकिन उन्होंने हमेशा संघर्ष और मैदान की राजनीति का रास्ता चुना है।
“मैदान में लड़ने वाला कार्यकर्ता हूं”
धर्मेंद्र प्रधान ने स्पष्ट किया कि वे जमीन से जुड़े नेता हैं और ज़मीनी स्तर पर रहकर ही काम करने में विश्वास रखते हैं। उन्होंने कहा कि उनका राजनीतिक सफर हमेशा संघर्षों से भरा रहा है और वे आगे भी इसी तरह जनता और संगठन के लिए मैदान में डटे रहेंगे।
राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज
इस्तीफे के बाद धर्मेंद्र प्रधान का यह पहला सार्वजनिक बयान माना जा रहा है। उनके खुद को “स्ट्रीट फाइटर” और “मैदान में लड़ने वाला कार्यकर्ता” बताने के बाद अब देश के राजनीतिक गलियारों और सोशल मीडिया पर तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
मुख्य स्रोत: India.Com – Hindi
