नई दिल्ली:
नीट-UG (NEET-UG) पेपर लीक और अन्य परीक्षाओं में गड़बड़ी को लेकर देशभर में हुए विरोध-प्रदर्शनों के दौरान हुई हिंसा और कथित पुलिस कार्रवाई के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने छात्रों को बड़ी राहत दी है। चीफ जस्टिस (CJI) सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि प्रदर्शन करने वाले छात्रों के खिलाफ फिलहाल कोई भी सख्त या दंडात्मक (Coercive) कार्रवाई नहीं की जाएगी।
दंडात्मक कार्रवाई पर रोक: सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया है कि विरोध प्रदर्शन में शामिल छात्रों के खिलाफ कोई कठोर कदम न उठाया जाए।
- केंद्र और 7 राज्यों को नोटिस: अदालत ने पुलिस बल के कथित अत्यधिक इस्तेमाल और लाठीचार्ज के आरोपों पर केंद्र सरकार, दिल्ली सरकार और 7 अन्य राज्यों से हलफनामा (Affidavit) तलब किया है।
- CCTV और ड्रोन फुटेज सुरक्षित रखने के निर्देश: अदालत ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि प्रदर्शन स्थलों के सभी सीसीटीवी और ड्रोन फुटेज को सुरक्षित रखा जाए, ताकि सच्चाई सामने आ सके।
- नाबालिग छात्रों की तुरंत रिहाइश: जिन नाबालिग छात्रों का कोई पिछला आपराधिक रिकॉर्ड नहीं है, उन्हें तुरंत रिहा करने का आदेश दिया गया है।
- उपद्रवियों को राहत नहीं: कोर्ट ने यह बिल्कुल साफ कर दिया है कि यह सुरक्षा और राहत सिर्फ शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वाले छात्रों के लिए है, और आपराधिक पृष्ठभूमि वाले असामाजिक तत्वों पर यह लागू नहीं होगी।
हाल ही में नीट परीक्षा और अन्य मुद्दों को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर समेत देश के कई हिस्सों में छात्रों ने जोरदार प्रदर्शन किए थे। इन प्रदर्शनों के दौरान पुलिस और छात्रों के बीच हुई झड़पों, आंसू गैस के इस्तेमाल और कथित लाठीचार्ज के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिकाएं दायर की गई थीं।
माम की सुनवाई करते हुए CJI सूर्यकांत की बेंच ने माना कि लोकतंत्र में छात्रों और युवाओं की आवाज को सुनना और उनके अधिकारों की रक्षा करना जरूरी है, साथ ही कानून-व्यवस्था बनाए रखना भी प्रशासन की जिम्मेदारी है। कोर्ट ने पुलिस कार्रवाई के तौर-तरीकों पर सवाल उठाते हुए संबंधित सरकारों से जवाब मांगा है।
सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले से जहां आम छात्रों और उनके अभिभावकों को बड़ी राहत मिली है, वहीं पुलिस और प्रशासन के लिए भी कानून-व्यवस्था को संभालने को लेकर एक स्पष्ट दिशा-निर्देश तय होते नजर आ रहे हैं। इस मामले की अगली सुनवाई पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं।
मुख्य स्रोत: India.Com – Hindi
