रायपुर/कोरिया। कोरिया जिले में एक ही परिवार के कई सदस्यों की हत्या और अन्य लोगों पर हुए जानलेवा हमले को लेकर प्रदेश की राजनीति और सामाजिक संगठनों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। इसी कड़ी में करणी सेना छत्तीसगढ़ ने घटना को लेकर कड़ा रुख अपनाते हुए दोषियों के खिलाफ त्वरित और कठोर कार्रवाई की मांग की है। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि पीड़ित परिवार को जल्द न्याय नहीं मिला तो पूरे प्रदेश में व्यापक जनआंदोलन शुरू किया जाएगा।
करणी सेना के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं प्रदेश अध्यक्ष वीरेन्द्र सिंह तोमर ने कहा कि कोरिया की घटना केवल एक परिवार पर हमला नहीं, बल्कि प्रदेश की कानून-व्यवस्था और आम नागरिकों की सुरक्षा पर गंभीर प्रश्नचिह्न है। उन्होंने कहा कि पीड़ित परिवार लगातार संगठन के संपर्क में है और न्याय की मांग को लेकर बेहद चिंतित एवं आक्रोशित है।
पीड़ित परिवार के साथ खड़ी है करणी सेना
वीरेन्द्र सिंह तोमर ने कहा कि करणी सेना पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए लोकतांत्रिक और संवैधानिक तरीके से संघर्ष करेगी। उन्होंने परिवार से धैर्य बनाए रखने की अपील करते हुए भरोसा दिलाया कि संगठन हर स्तर पर उनके साथ खड़ा है और दोषियों को सजा दिलाने तक पीछे नहीं हटेगा।
संगठन ने सरकार के सामने रखीं प्रमुख मांगें
- छत्तीसगढ़ शासन/प्रशासन से करणी सेना छत्तीसगढ़ की स्पष्ट मांग है कि—
- दोषियों की अवैध संपत्तियों पर तत्काल बुलडोजर कार्रवाई की जाए।
- दोषियों को फाँसी की सजा दिलाने हेतु सरकार विशेष अभियोजन की व्यवस्था करे।
- पूरे मामले की जांच उच्च स्तरीय विशेष जांच दल (SIT) से कराई जाए।
- फास्ट ट्रैक कोर्ट में प्रतिदिन सुनवाई कर शीघ्र फैसला सुनिश्चित किया जाए।
- दोषियों और उन्हें संरक्षण देने वाले तत्वों के विरुद्ध भी कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए।
- पीड़ित परिवार को पर्याप्त आर्थिक सहायता, सुरक्षा एवं सरकारी संरक्षण दिया जाए।
- मामले की निगरानी वरिष्ठ प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों द्वारा की जाए ताकि न्याय प्रक्रिया प्रभावित न हो।
न्याय में देरी हुई तो होगा प्रदेशव्यापी आंदोलन
प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि यदि जांच में लापरवाही, राजनीतिक हस्तक्षेप या न्याय प्रक्रिया में अनावश्यक देरी हुई तो करणी सेना राज्यभर में चरणबद्ध आंदोलन शुरू करेगी। उन्होंने दावा किया कि समाज के विभिन्न वर्गों में इस घटना को लेकर भारी नाराजगी है और लोग दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
कानून-व्यवस्था पर उठे सवाल
तोमर ने कहा कि इस घटना ने प्रदेश में नागरिक सुरक्षा, अपराध नियंत्रण और न्याय व्यवस्था की प्रभावशीलता को लेकर नई बहस छेड़ दी है। उनका कहना है कि अपराधियों में कानून का भय बना रहना और पीड़ितों को समय पर न्याय मिलना किसी भी लोकतांत्रिक व्यवस्था की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है।
जारीकर्ता:
वीरेन्द्र सिंह तोमर
राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं प्रदेश अध्यक्ष
करणी सेना, छत्तीसगढ़
