जशपुर। छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन आघात के तहत पुलिस ने गांजा तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। लावाकेरा पुलिस चेकिंग बैरियर पर एंटी नारकोटिक्स टीम और तपकरा पुलिस ने एक टाटा आईसर मिनी ट्रक से 440.63 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद किया है। पुलिस के मुताबिक, तस्करों ने गांजे को मिर्ची की बोरियों के नीचे छिपाकर रखा था।
मामले में पुलिस ने उत्तर प्रदेश के प्रयागराज निवासी दो आरोपियों मो. वसीम (28) और मो. आसिफ (34) को गिरफ्तार किया है। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत 2 करोड़ 20 लाख 31 हजार 500 रुपये बताई गई है। गांजा तस्करी में इस्तेमाल मिनी ट्रक की कीमत करीब 20 लाख रुपये आंकी गई है। इस तरह पुलिस ने कुल 2 करोड़ 40 लाख 31 हजार 500 रुपये की संपत्ति जब्त की है।
लावाकेरा बैरियर पर पुलिस ने रोका मिनी ट्रक
पुलिस के मुताबिक, 2 अक्टूबर 2026 की सुबह करीब 9 बजे एंटी नारकोटिक्स टीम और थाना तपकरा पुलिस की संयुक्त टीम लावाकेरा चेकिंग बैरियर पर संदिग्ध वाहनों की जांच कर रही थी। इसी दौरान ओडिशा की ओर से आ रहे टाटा आईसर मिनी ट्रक क्रमांक UP-71-T-6592 को संदेह के आधार पर रोका गया।
वाहन में दो व्यक्ति सवार थे। पूछताछ में उन्होंने अपना नाम मो. वसीम और मो. आसिफ बताया। दोनों प्रयागराज, उत्तर प्रदेश के रहने वाले बताए गए हैं।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में दोनों ने बताया कि वाहन में मिर्ची की बोरियां लदी हैं और इन्हें ओडिशा से उत्तर प्रदेश ले जाया जा रहा है। हालांकि, वाहन की जांच के दौरान पुलिस को कुछ संदिग्ध नजर आया।
मिर्ची की बोरियां हटाईं तो नीचे मिले संदिग्ध पैकेट
पुलिस टीम ने जब मिनी ट्रक में लदे सामान की बारीकी से जांच शुरू की तो ऊपर की ओर मिर्ची की बोरियां मिलीं। इन बोरियों को हटाने पर नीचे रखी बोरियों में टेप से लिपटे पैकेट दिखाई दिए।
पुलिस ने गवाहों की मौजूदगी में पैकेटों को खोलकर जांच की। जांच में पैकेटों के भीतर गांजा मिला। इसके बाद पूरी खेप को बाहर निकालकर तौल की गई।
पुलिस के मुताबिक, कुल 14 बोरियों में 440 पैकेट मिले, जिनका कुल वजन 440.63 किलोग्राम निकला। आरोपियों से गांजे से संबंधित वैध दस्तावेज मांगे गए, लेकिन वे कोई दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सके।
2.20 करोड़ का गांजा, 20 लाख का वाहन जब्त
पुलिस ने गांजे की कीमत करीब 2 करोड़ 20 लाख 31 हजार 500 रुपये आंकी है। इसके अलावा तस्करी में इस्तेमाल किए जा रहे टाटा आईसर मिनी ट्रक की अनुमानित कीमत करीब 20 लाख रुपये बताई गई है।
पुलिस ने गांजे और वाहन को जब्त कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। दोनों के खिलाफ थाना तपकरा में धारा 20(बी) एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। मामले की आगे की जांच जारी है।
ओडिशा से प्रयागराज ले जाने का दावा
प्रारंभिक पूछताछ के आधार पर पुलिस का कहना है कि गांजे की यह खेप ओडिशा के बोध क्षेत्र से प्रयागराज ले जाई जा रही थी। हालांकि, पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।
जांच एजेंसी यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि गांजा किस व्यक्ति से खरीदा गया था और प्रयागराज में इसे किस व्यक्ति तक पहुंचाया जाना था। इसके अलावा तस्करी में और कौन-कौन लोग शामिल हैं, इसकी भी जांच की जा रही है।
2026 में अब तक 1906 किलो गांजा जब्त
जशपुर पुलिस के अनुसार, जनवरी 2026 से अब तक गांजा तस्करी के 16 मामलों में करीब 1906 किलोग्राम गांजा बरामद किया जा चुका है। पुलिस के मुताबिक, जब्त गांजे की कुल कीमत करीब 8 करोड़ रुपये है।
इन मामलों में 22 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। इसके अलावा गांजा तस्करी में इस्तेमाल किए गए 17 कार और एक पिकअप वाहन भी जब्त किए गए हैं।
जशपुर पुलिस का कहना है कि जिले में ओडिशा सीमा से आने वाले संदिग्ध वाहनों पर लगातार नजर रखी जा रही है और नशे की तस्करी के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।
ऑपरेशन आघात के तहत कार्रवाई जारी
डीआईजी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जशपुर डॉ. लाल उमेद सिंह के नेतृत्व में जिले में नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ ऑपरेशन आघात चलाया जा रहा है। लावाकेरा कार्रवाई में एंटी नारकोटिक्स टीम और थाना तपकरा पुलिस की संयुक्त भूमिका रही।
पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर गांजा तस्करी के पूरे नेटवर्क तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। अधिकारियों के मुताबिक, जांच में जिन लोगों की भूमिका सामने आएगी, उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
