Thursday, August 27, 2026

‘पंजाब के लिए साथ लड़ेंगे’, राजा वड़िंग ने चरणजीत चन्नी से मतभेद की अटकलों को किया खारिज; बोले- CM चेहरा बनने की दौड़ में नहीं

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पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व को लेकर जारी चर्चाओं के बीच प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने पार्टी के भीतर किसी भी तरह की गुटबाजी या मतभेद की खबरों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि उनका एकमात्र लक्ष्य पंजाब में कांग्रेस को दोबारा सत्ता में लाना है और इसके लिए सभी वरिष्ठ नेता मिलकर काम करेंगे।

राजा वड़िंग का यह बयान ऐसे समय आया है जब पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के समर्थकों की ओर से उन्हें पंजाब कांग्रेस की कमान सौंपने और आगामी विधानसभा चुनाव में मुख्यमंत्री पद का चेहरा घोषित करने की मांग उठ रही है। इन अटकलों के बीच वड़िंग ने एकजुटता का संदेश देते हुए कहा कि कांग्रेस नेतृत्व जो भी फैसला करेगा, वह उसे पूरी तरह स्वीकार करेंगे।

  • ‘मैं मुख्यमंत्री पद की दौड़ में नहीं’

मीडिया से बातचीत में राजा वड़िंग ने कहा कि वह मुख्यमंत्री पद की दौड़ में शामिल नहीं हैं। उन्होंने कहा कि चाहे चरणजीत सिंह चन्नी हों या कोई अन्य नेता, कांग्रेस नेतृत्व जिस व्यक्ति को मुख्यमंत्री पद का चेहरा बनाएगा, वह उसका पूरा समर्थन करेंगे।

उन्होंने कहा, “मेरा सपना मुख्यमंत्री बनना नहीं है। मेरा लक्ष्य सिर्फ इतना है कि पंजाब में कांग्रेस की सरकार दोबारा बने। राहुल गांधी जिस पर भरोसा जताएंगे, मैं उसके साथ पूरी ताकत से खड़ा रहूंगा।”

  • चन्नी के साथ मिलकर लड़ेंगे चुनाव

राजा वड़िंग ने यह भी साफ किया कि उनके और चरणजीत सिंह चन्नी के बीच किसी तरह का व्यक्तिगत विवाद नहीं है। उन्होंने कहा कि पार्टी के सभी नेता आगामी विधानसभा चुनाव में एकजुट होकर कांग्रेस को मजबूत करने के लिए काम करेंगे।

उनके अनुसार, “हम सब मिलकर पंजाब के लिए लड़ेंगे। हमारा उद्देश्य संगठन को मजबूत करना और जनता का विश्वास दोबारा जीतना है।” उन्होंने कार्यकर्ताओं से भी अपील की कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और पार्टी को मजबूत बनाने पर फोकस करें।

  • नेतृत्व को लेकर बढ़ी थी चर्चा

हाल के दिनों में चरणजीत सिंह चन्नी के समर्थकों ने पार्टी नेतृत्व में बदलाव की मांग उठाई थी। कुछ नेताओं ने चन्नी को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष या मुख्यमंत्री पद का संभावित चेहरा बनाए जाने की वकालत की थी। इसके बाद पंजाब कांग्रेस में अंदरूनी खींचतान की चर्चाएं तेज हो गई थीं। हालांकि कांग्रेस नेतृत्व ने फिलहाल संगठन में बड़े बदलाव के बजाय मौजूदा व्यवस्था को बरकरार रखने का फैसला किया है।

  • 2027 चुनाव पर कांग्रेस की नजर

पंजाब में आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए कांग्रेस नेतृत्व संगठन को मजबूत करने और सभी नेताओं को साथ लेकर चलने की रणनीति पर काम कर रहा है। ऐसे में राजा वड़िंग का यह बयान पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए एकजुटता का संदेश माना जा रहा है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि कांग्रेस आने वाले चुनाव में किसी भी तरह की अंदरूनी कलह की छवि से बचना चाहती है और विपक्ष के खिलाफ एकजुट होकर मैदान में उतरने की तैयारी कर रही है।

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