Wednesday, June 17, 2026

यूपी 2027 से पहले ओवैसी का बड़ा दांव: BJP को रोकने के लिए गठबंधन को तैयार, लेकिन रखी सम्मान और हिस्सेदारी की शर्त

Share

लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर सियासी सरगर्मियां तेज हो गई हैं। इसी बीच ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने ऐसा बयान दिया है, जिसने प्रदेश की विपक्षी राजनीति में नई बहस छेड़ दी है। ओवैसी ने साफ संकेत दिए हैं कि उनकी पार्टी भारतीय जनता पार्टी (BJP) को सत्ता में वापसी से रोकने के लिए विपक्षी दलों के साथ हाथ मिलाने को तैयार है, लेकिन इसके लिए कुछ स्पष्ट राजनीतिक शर्तें भी होंगी।

  • ‘सम्मान मिलेगा तभी होगा गठबंधन’

सोमवार को लखनऊ में मीडिया से बातचीत करते हुए ओवैसी ने कहा कि AIMIM किसी भी विपक्षी गठबंधन का हिस्सा बनने से पीछे नहीं हटेगी, बशर्ते पार्टी को बराबरी का दर्जा और उचित सम्मान दिया जाए।

उन्होंने कहा कि अब वह दौर खत्म हो चुका है जब छोटी पार्टियों को केवल चुनावी गणित का हिस्सा मानकर नजरअंदाज किया जाता था। गठबंधन तभी संभव होगा जब सभी सहयोगी दलों की राजनीतिक भागीदारी सुनिश्चित हो।

  • ‘सिर्फ दरी बिछाने के लिए नहीं है AIMIM’

ओवैसी ने बिना किसी दल का नाम लिए विपक्षी पार्टियों पर निशाना साधते हुए कहा कि AIMIM को केवल वोट जुटाने वाली पार्टी समझने की गलती नहीं की जानी चाहिए।

उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों की ताकत के दम पर राजनीति करती है और उसे सत्ता की साझेदारी में भी उचित स्थान मिलना चाहिए।

  • सत्ता में हिस्सेदारी की भी मांग

बहराइच जिले के मतेरा विधानसभा क्षेत्र में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए ओवैसी ने कहा कि बातचीत केवल गठबंधन बनाने तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि यह भी तय होना चाहिए कि सत्ता में भागीदारी किस प्रकार होगी।

उनका कहना था कि राजनीतिक सम्मान का अर्थ केवल सीटों का बंटवारा नहीं, बल्कि निर्णय लेने की प्रक्रिया में समान भूमिका भी है।

  • INDIA गठबंधन या नया समीकरण?

ओवैसी ने अपने बयान में किसी विशेष दल या गठबंधन का नाम नहीं लिया, लेकिन उनके इस रुख के बाद राजनीतिक गलियारों में कई तरह की अटकलें तेज हो गई हैं।

विश्लेषकों का मानना है कि यदि विपक्ष भाजपा के खिलाफ व्यापक रणनीति तैयार करता है, तो AIMIM की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है। वहीं, यदि बहुजन समाज पार्टी (BSP) अकेले चुनाव लड़ने का फैसला करती है, तो AIMIM और BSP के बीच संभावित समझौते की संभावनाओं से भी इनकार नहीं किया जा सकता।

  • मतेरा सीट से उम्मीदवार का ऐलान

चुनावी तैयारियों के बीच ओवैसी ने बड़ा संगठनात्मक फैसला लेते हुए मतेरा विधानसभा सीट से AIMIM के उत्तर प्रदेश प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली को उम्मीदवार घोषित कर दिया है। वर्तमान में यह सीट समाजवादी पार्टी (SP) के कब्जे में है।

इस घोषणा को पार्टी की चुनावी रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है, जिससे साफ है कि AIMIM उत्तर प्रदेश में अपनी राजनीतिक मौजूदगी मजबूत करने की तैयारी में जुट गई है।

  • यूपी की राजनीति में बढ़ेगी हलचल

हालांकि, गठबंधन को लेकर अभी तक किसी भी दल की ओर से औपचारिक घोषणा नहीं की गई है। लेकिन इतना तय है कि ओवैसी ने सम्मान, बराबरी और सत्ता में हिस्सेदारी की शर्त रखकर विपक्षी राजनीति के सामने एक नई चुनौती जरूर खड़ी कर दी है।

Read more

RNews