नई दिल्ली: पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) में कई सप्ताह से जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच हालात लगातार तनावपूर्ण बने हुए हैं। विभिन्न मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, पाकिस्तान में डिजिटल सेंसरशिप बढ़ा दी गई है और कई स्थानीय व क्षेत्रीय समाचार वेबसाइटों के साथ-साथ कुछ अंतरराष्ट्रीय मीडिया प्लेटफॉर्म की पहुंच भी बाधित होने की खबरें सामने आई हैं। हालांकि, पाकिस्तान सरकार ने इन प्रतिबंधों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
रिपोर्टों के मुताबिक, कई यूट्यूब चैनलों पर भी कार्रवाई की गई है। इनमें विपक्षी दलों, पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान से जुड़े चैनलों और सरकार की आलोचना करने वाले कुछ पत्रकारों के चैनल शामिल बताए जा रहे हैं।
प्रदर्शन में महिलाएं और बच्चे भी शामिल
PoK के कई इलाकों में पिछले कई हफ्तों से लोग स्थानीय मुद्दों और विकास संबंधी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। स्थानीय मीडिया के अनुसार, बड़ी संख्या में महिलाएं और बच्चे भी इन प्रदर्शनों में शामिल हैं। रावलकोट में प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा बलों द्वारा कथित गोलीबारी की खबरें भी सामने आई हैं, हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।
मौतों के दावे और बढ़ती नाराजगी
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, सुरक्षा बलों की कार्रवाई और हिंसा से अब तक कई लोगों की मौत होने का दावा किया गया है। हालांकि, इन आंकड़ों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। प्रदर्शनकारी अपने क्षेत्रों में विकास, संसाधनों के उपयोग और प्रशासनिक अनदेखी जैसे मुद्दों को लेकर लंबे समय से विरोध जता रहे हैं।
विधानसभा चुनावों के नतीजे
PoK विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के नतीजों में पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (PML-N) ने बढ़त हासिल की है। मुख्य निर्वाचन आयुक्त गुलाम मुस्तफा मुगल के अनुसार, दूसरे चरण की 18 सीटों में से PML-N ने 14 सीटें और पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (PPP) ने 4 सीटें जीती हैं। इन नतीजों के बाद PML-N सरकार बनाने की मजबूत स्थिति में दिखाई दे रही है।
भारत का रुख
भारत ने PoK में कराए गए चुनावों को स्वीकार नहीं किया है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने दोहराया कि संपूर्ण जम्मू-कश्मीर और लद्दाख भारत का अभिन्न और अविभाज्य हिस्सा हैं तथा भारत इन चुनावों को वैध नहीं मानता।
खैबर पख्तूनख्वा में आत्मघाती हमला
इस बीच, पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के स्वात जिले में एक शांति रैली के दौरान हुए आत्मघाती हमले में मृतकों की संख्या बढ़कर 17 हो गई है। यह विस्फोट कबाल कस्बे में एक पुलिस थाने के सामने हुआ। अधिकारियों के अनुसार, हमले में कई सुरक्षाकर्मी और नागरिक मारे गए, जबकि एक दर्जन से अधिक लोग घायल हुए हैं। सुरक्षा एजेंसियां मामले की जांच कर रही हैं।
